खेल मैदान के नाम पर लाखों का खेल? पिलर खड़े कर छोड़ा निर्माण, कूड़े और जलभराव से बदहाल मैदान
सुभाष सोनकर
प्रतापगढ़। बिहार ब्लॉक के ग्राम सभा फूलपुर मौरी में ग्रामीणों और युवाओं को खेलकूद की बेहतर सुविधा उपलब्ध कराने के उद्देश्य से बनाए जा रहे खेल मैदान की स्थिति बदहाल है। ग्रामीणों का आरोप है कि खेल मैदान के निर्माण के नाम पर लाखों रुपये की सरकारी धनराशि खर्च होने के बावजूद मौके पर महज पिलर खड़े किए गए हैं और निर्माण कार्य अधूरा छोड़ दिया गया है।
ग्रामीणों के मुताबिक, मैदान में खेलकूद के लिए आवश्यक सुविधाएं विकसित नहीं की गई हैं। मैदान का समुचित विकास और समतलीकरण न होने के कारण यह वर्तमान में उपयोग के योग्य नहीं है। वहीं, मैदान परिसर में कूड़ा-कचरा जमा होने के साथ आसपास का गंदा पानी भी पहुंच रहा है, जिससे जलभराव और गंदगी की समस्या बनी हुई है
ग्रामीणों का कहना है कि जिस उद्देश्य से खेल मैदान के निर्माण के लिए सरकारी धनराशि स्वीकृत की गई थी, वह उद्देश्य फिलहाल पूरा होता नजर नहीं आ रहा है। उनका सवाल है कि यदि निर्माण कार्य के लिए धनराशि स्वीकृत और खर्च की गई है तो मौके पर काम की स्थिति इतनी खराब क्यों है और निर्माण कार्य अधूरा क्यों छोड़ दिया गया?
ग्रामीणों ने संबंधित अधिकारियों से पूरे मामले की जांच कराने की मांग की है। उन्होंने निर्माण कार्य की स्वीकृत लागत, अब तक किए गए भुगतान, कार्य की गुणवत्ता और मौके पर हुए निर्माण की वास्तविक स्थिति का सत्यापन कराने की मांग की है।
ग्रामीणों का कहना है कि जांच के बाद यदि किसी स्तर पर अनियमितता सामने आती है तो जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जानी चाहिए तथा अधूरे पड़े खेल मैदान का निर्माण पूरा कराकर उसे युवाओं और ग्रामीणों के उपयोग के योग्य बनाया जाना चाहिए।
अब देखना यह है कि जिम्मेदार अधिकारी मामले का संज्ञान लेकर मौके का निरीक्षण करते हैं या नहीं और अधूरे पड़े खेल मैदान को लेकर क्या कार्रवाई की जाती है।









